धीरेन्द्र शास्त्री द्वारा 300 लड़कियों के सामूहिक विवाह पर ब्राह्मण समाज बड़ा गौरवान्वित हो रहा हैं, अच्छी बात हैं.लेकिन इस कथा के धंधे मे जब कोई गैर ब्राह्मण यामिनी साहू, देविका पटेल,मुकुट मणि यादव कथा करते हैं तों ब्राह्मणों को तकलीफ होती हैं.अरे भाई सभी लोग इस धंधे मे जुट जायेंगे तों और अधिक सामाजिक कल्याण के कार्य होंगे. तों फिर गैर ब्राह्मण कथावाचको का विरोध आप क्यों कर रहे हैं. क्या यह लोग हिंदू नहीं है?
तुम कथा करो और कथा सुनने वाले 90% बहुजन समाज के लोगों से करोड़ लेकर उसमें से कुछ दान कर दो. बहुत बढ़िया धंधा है. धिक्कार हैं तुम्हारे ऐसे दान पर. एक तरफ तुम सबको हिंदू कहते हो दूसरी तरफ कथा और कर्मकांड पर खुद का @copyright समझते हो. लानत है तुम्हारे इस दोगले चरित्र पर.